गिद्धौर (जमुई): गिद्धौर प्रखंड की कोल्हुआ पंचायत अंतर्गत धोबघट गांव से यादव टोला होते हुए सिमरिया, गेरुआडीह एवं पूर्वी कोल्हुआ सहित कई गांवों को जोड़ने वाली ग्रामीण सड़क इन दिनों बदहाली का शिकार है. हालिया बारिश के बाद सड़क पर जलजमाव और कीचड़ की समस्या गंभीर हो गई है, जिससे ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
स्थानीय लोगों के अनुसार धोबघट के यादव टोला के समीप सड़क किनारे जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं है. इसके अलावा सड़क के आसपास हुए अतिक्रमण के कारण घरों का गंदा पानी सीधे सड़क पर बहता है. बारिश होने पर स्थिति और विकट हो जाती है तथा सड़क तालाब जैसी दिखाई देने लगती है.
धोबघट-कोल्हुआ सड़क पर जलजमाव से बढ़ी परेशानी, संक्रमण का भी खतरा
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर जमा गंदा पानी राहगीरों के लिए परेशानी का कारण बन गया है. लोगों को आने-जाने में कठिनाई हो रही है. वहीं जलजमाव के कारण संक्रमण और विभिन्न बीमारियों के फैलने की आशंका भी बनी हुई है. वही कई बार दोपहिया वाहन वाले इस कीचड़ में गिरे भी ओर गहरी चोटे भी आई है।

अतिक्रमण से बाधित हो रही जल निकासी
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि सड़क के कुछ हिस्सों पर अतिक्रमण होने से जल निकासी व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो रही है. नतीजतन बारिश का पानी सड़क पर जमा हो जाता है और सड़क लगातार क्षतिग्रस्त होती जा रही है. यह सड़क कई गांवों के लोगों के लिए मुख्य संपर्क मार्ग है, लेकिन वर्षों से चली आ रही इस समस्या का अब तक समाधान नहीं हो पाया है.
सड़क पर बांधे जाते हैं मवेशी
ग्रामीणों ने बताया कि यादव टोला के निकट शाम के समय सड़क किनारे मवेशी बांध दिए जाते हैं. इससे पैदल चलने वाले लोगों को काफी परेशानी होती है. विशेषकर बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को आवागमन में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है.
प्रशासन से कार्रवाई की मांग
सड़क की दुर्दशा को लेकर ग्रामीण विकास सिंह, किसान नेता कुणाल सिंह, रघु सिंह, मनोज मिश्रा, सच्चिदानंद मिश्रा, रवि रावत, ईश्वरी रावत, रंजीत रावत, शालिग्राम शाह, शंकर रावता, उपेंद्र रावत, अवध रावत, कपिल रावत, दिनेश ठाकुर, अशोक यादव, जोगी यादव, शंकर यादव,समेत दर्जनों ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से सड़क को अतिक्रमण मुक्त कराने, जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा आवागमन सुचारू बनाने की मांग की है.
ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान किया जाता है तो न केवल लोगों को राहत मिलेगी, बल्कि क्षेत्र में स्वच्छता व्यवस्था बेहतर होगी और सड़क की उपयोगिता भी बनी रहेगी.
Written & Edit by : Chandan Patel.
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