कोल्लुहा पंचायत के कुमरडीह महादलित टोला में पेयजल संकट गहराया, ग्रामीणों ने सड़क जाम की दी चेतावनी
गिद्धौर (जमुई): जमुई जिले के गिद्धौर प्रखंड अंतर्गत कोल्लुहा पंचायत के वार्ड संख्या 06 स्थित कुमरडीह महादलित टोला में भीषण पेयजल (पानी) संकट से ग्रामीणों का जीवन प्रभावित हो गया है। लगभग 300 की आबादी वाला मांझी समाज का यह टोला आज बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहा है। नल-जल योजना पूरी तरह बेअसर साबित हो रही है, जबकि इलाके के सभी सरकारी चापाकल भी खराब पड़े हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि कई बार संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है।
ब्राह्मण टोला से पीने का पानी लाने को मजबूर हैं ग्रामीण
महादलित टोला के लोगों को पीने के पानी के लिए दूसरे टोले का सहारा लेना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, रोजाना कई परिवार ब्राह्मण टोला से पानी लाकर अपनी जरूरतें पूरी कर रहे हैं।
गर्मी के इस मौसम में पानी की समस्या और भी गंभीर हो गई है। बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ रही है।
कपड़ा धोने के लिए एक किलोमीटर दूर उलाई नदी के डेम तक जाना पड़ता है
ग्रामीण महिलाओं ने बताया कि घर के दैनिक कार्यों के लिए भी पानी उपलब्ध नहीं है। कपड़े धोने और अन्य घरेलू जरूरतों के लिए उन्हें लगभग एक किलोमीटर दूर उलाई नदी के डेम तक जाना पड़ता है।
इस वजह से महिलाओं और बच्चों का काफी समय और श्रम बर्बाद हो रहा है। कई बार सुबह से शाम तक पानी की व्यवस्था करने में ही पूरा दिन निकल जाता है।
नल-जल योजना और चापाकल दोनों हुए बेकार
सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शुरू की गई नल-जल योजना यहां धरातल पर विफल नजर आ रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि नल-जल योजना से पानी नहीं आता है और टोले में मौजूद सरकारी चापाकल भी लंबे समय से खराब पड़े हैं।
लोगों का कहना है कि यदि समय रहते मरम्मत और वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई तो स्थिति और भयावह हो सकती है।

ग्रामीणों में बढ़ रहा आक्रोश, सड़क जाम की चेतावनी
पेयजल संकट को लेकर पूरे महादलित समाज में भारी नाराजगी देखी जा रही है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द से जल्द पानी की समुचित व्यवस्था नहीं की गई तो वे गिद्धौर-जमुई बायपास सड़क को जाम कर आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।
ग्रामीणों का कहना है कि पानी जैसी बुनियादी सुविधा के लिए संघर्ष करना प्रशासनिक उदासीनता को दर्शाता है।
इन ग्रामीणों ने उठाई आवाज
ग्रामीण गिनक मांझी, डोमन मांझी, भोला मांझी, भूषण मांझी, गोपी मांझी, सोनमा देवी, सुखो देवी, मालो देवी, कुसमा देवी, सबुज्वा देवी और फुदकी देवी समेत पूरे महादलित समाज ने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप कर पेयजल संकट दूर करने की मांग की है।
ग्रामीणों की मांग
नल-जल योजना को तत्काल चालू किया जाए।
खराब पड़े सरकारी चापाकलों की मरम्मत कराई जाए।
वैकल्पिक पेयजल व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए।
प्रभावित परिवारों को टैंकर से पानी उपलब्ध कराया जाए।
कुमरडीह महादलित टोला के लोग आज भी मूलभूत सुविधा पानी के लिए संघर्ष
विकास और योजनाओं के दावों के बीच कुमरडीह महादलित टोला के लोग आज भी मूलभूत सुविधा पानी के लिए संघर्ष कर रहे हैं। यदि प्रशासन ने जल्द कदम नहीं उठाया तो यह समस्या आंदोलन का रूप ले सकती है। ग्रामीणों को उम्मीद है कि उनकी पीड़ा सुनकर संबंधित अधिकारी जल्द समाधान की दिशा में कार्रवाई करेंगे।
Written & Edit by : Chandan Patel.
Reported by: Bikki Kumar
