15 अप्रैल की घटना, 22 अप्रैल को दर्ज हुई FIR : जमुई शहर में एक 15 वर्षीय छात्रा के अपहरण और दुष्कर्म का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पीड़िता के परिवार ने मंगलवार शाम महिला थाने में हरला गांव निवासी मनीष कुमार और उसके दो सहयोगियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई है। घटना 15 अप्रैल की बताई जा रही है।
जमुई बाजार से लौटते वक्त किया अपहरण
पीड़िता की मां के अनुसार, उनकी बेटी अपनी छोटी बहन के साथ जमुई बाजार किताब खरीदने गई थी। वापसी के दौरान महिसौड़ी चौक पर आरोपी मनीष अपने दो साथियों के साथ दो बाइक पर पहुंचा। आरोप है कि उन्होंने पहले छोटी बहन को जबरन बाइक पर बैठाया और फिर बड़ी बेटी को धमकी देकर अपने साथ ले गए। इसके बाद दोनों बहनों को लखीसराय ले जाया गया।
होटल में दुष्कर्म, वीडियो बनाकर दी धमकी
लखीसराय पहुंचने के बाद आरोपियों ने दोनों बहनों को एक होटल में ले गया। छोटी बहन को जान से मारने की धमकी देकर बाहर बैठा दिया गया। वहीं, मुख्य आरोपी मनीष ने बड़ी बहन के साथ कमरे में दुष्कर्म किया। इस दौरान घटना का वीडियो भी बनाया गया। आरोप है कि आरोपी ने वीडियो वायरल करने की धमकी देकर छात्रा को चुप रहने के लिए मजबूर किया।
वीडियो वायरल होने के बाद खुला मामला
घटना के बाद डर के कारण छात्रा ने परिवार को कुछ नहीं बताया। लेकिन जब आरोपी ने वीडियो वायरल कर दिया, तब जाकर इस गंभीर अपराध की जानकारी परिजनों को हुई। इसके बाद परिवार ने तुरंत महिला थाने में शिकायत दर्ज कराई।
पहले भी कर चुका था छेड़खानी
परिजनों का कहना है कि आरोपी मनीष पहले भी दो बार छात्रा के साथ छेड़खानी कर चुका था। जब छात्रा पढ़ाई के लिए दूसरे गांव जाती थी, तब वह उसे परेशान करता था। इस संबंध में आरोपी के परिवार से शिकायत भी की गई थी, लेकिन कोई सुधार नहीं हुआ।
पुलिस की कार्रवाई: मुख्य आरोपी गिरफ्तार
जमुई के एसपी विश्वजीत दयाल ने बताया कि मामले में एफआईआर दर्ज कर ली गई है और पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी मनीष कुमार को गिरफ्तार कर लिया है।
अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
सवालों के घेरे में सुरक्षा व्यवस्था
इस घटना ने एक बार फिर से महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। बाजार जैसे सार्वजनिक स्थान से इस तरह की वारदात होना कानून-व्यवस्था पर गंभीर चिंता पैदा करता है।

बेटियों की सुरक्षा के लिए कड़े कदम और जागरूकता दोनों जरूरी
यह मामला न सिर्फ एक परिवार की त्रासदी है, बल्कि समाज के लिए भी एक चेतावनी है कि बेटियों की सुरक्षा के लिए कड़े कदम और जागरूकता दोनों जरूरी हैं। पुलिस कार्रवाई जारी है, लेकिन ऐसे अपराधों को रोकने के लिए समाज और प्रशासन को मिलकर काम करना होगा।
