देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम ने करवट लेनी शुरू कर दी है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा अपडेट के अनुसार उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना है, जबकि उत्तर-पश्चिम भारत में अगले 48 घंटों के दौरान न्यूनतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की जा सकती है। दूसरी ओर दक्षिण भारत, अंडमान-निकोबार और आसपास के समुद्री क्षेत्रों में कम दबाव के असर से बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का अनुमान है।

पश्चिमी विक्षोभ से उत्तर-पश्चिम भारत में हलचल

मौसम विभाग के अनुसार एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ उत्तर राजस्थान और उसके आसपास पंजाब व हरियाणा के इलाकों पर असर डाल रहा है। यह प्रणाली जमीन से लगभग 3 से 7 किलोमीटर की ऊंचाई तक फैली हुई है, जिसके कारण उत्तर-पश्चिम भारत के मौसम में बदलाव देखा जा रहा है।
कुछ इलाकों में हल्की बारिश दर्ज की गई है और आगे भी कहीं-कहीं हल्की बारिश या बर्फबारी की संभावना बनी हुई है। दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर बना चक्रवाती प्रसार अब उत्तर-पूर्व राजस्थान के आसपास पहुंच गया है। एक ट्रफ रेखा उत्तर कोंकण से गुजरात और पूर्वी राजस्थान होते हुए उत्तर-पूर्व राजस्थान तक फैली हुई है, जिससे वातावरण में अस्थिरता बनी हुई है।

उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी के आसार

उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बर्फबारी हो सकती है। ऊंचाई वाले इलाकों में ठंड बढ़ने की संभावना है। मौसम विभाग ने पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और यात्रियों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
पूर्वोत्तर भारत के ऊपर उपोष्णकटिबंधीय पछुआ जेट स्ट्रीम करीब 115 नॉट की रफ्तार से सक्रिय है, जिससे ऊपरी वायुमंडल में दबाव की स्थिति बनी हुई है और मौसम में उतार-चढ़ाव जारी है।

देश

दक्षिण भारत और द्वीपीय इलाकों में बारिश का अलर्ट

भूमध्यरेखीय हिंद महासागर और दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी के पास बना कम दबाव का क्षेत्र पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए श्रीलंका की ओर जा सकता है। इसके प्रभाव से दक्षिण भारत और द्वीपीय क्षेत्रों में बारिश की संभावना जताई गई है। अंडमान व निकोबार द्वीप समूह में 19 फरवरी को गरज-चमक के साथ बारिश और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। 20 से 22 फरवरी के बीच तमिलनाडु, पुडुचेरी और केरल में भी कहीं-कहीं बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं का अनुमान है।

समुद्री इलाकों में तेज हवाएं, मछुआरों को चेतावनी

मन्नार की खाड़ी और कोमोरिन क्षेत्र के आसपास हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे से बढ़कर 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और श्रीलंका के पूर्वी तट के पास भी 45 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज हवाएं चलने की संभावना है। मौसम विभाग ने मछुआरों को समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी है।

तापमान में जारी रहेगा उतार-चढ़ाव

उत्तर-पश्चिम भारत में अगले 48 घंटों के दौरान न्यूनतम तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आ सकती है। इसके बाद करीब पांच दिनों तक तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा, जिससे सुबह और रात की ठंड बढ़ने के आसार हैं।

पूर्वी भारत में अगले दो दिनों तक न्यूनतम तापमान स्थिर रह सकता है, उसके बाद 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है। महाराष्ट्र और गुजरात में भी आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान धीरे-धीरे 2 से 3 डिग्री तक बढ़ने का अनुमान है।
अधिकतम तापमान की बात करें तो उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों में अगले 24 घंटों में 2 से 4 डिग्री की गिरावट संभव है। इसके बाद दो दिनों तक तापमान में बढ़ोतरी और फिर स्थिति सामान्य रहने की संभावना जताई गई है।

देश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश और बर्फबारी

देश के अलग-अलग हिस्सों में सक्रिय मौसमी प्रणालियों के चलते अगले कुछ दिनों तक मौसम का मिजाज बदला रहेगा। कहीं बारिश और बर्फबारी तो कहीं तेज हवाएं और तापमान में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। ऐसे में लोगों को स्थानीय मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखने और सतर्क रहने की जरूरत है।

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By Chandan Patel

चंदन पटेल AVN News से लंबे समय से जुड़े पत्रकार हैं। उन्होंने वर्ष 2020 से रिपोर्टर के रूप में पत्रकारिता की शुरुआत की और जमीनी स्तर की खबरों को प्रमुखता से उठाते हुए लगातार अपनी पहचान बनाई। वर्तमान में वे AVN News के एडिटर-इन-चीफ के रूप में समाचार संपादन, कवरेज और डिजिटल पत्रकारिता का नेतृत्व कर रहे हैं। राजनीति, खेल,स्थानीय मुद्दों, जनसमस्याओं, प्रशासनिक गतिविधियों और सामाजिक सरोकारों से जुड़ी खबरों को तथ्यपरक और सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना उनकी पत्रकारिता की प्रमुख विशेषता है। उनका उद्देश्य आम लोगों की आवाज को प्रमुखता देना और विश्वसनीय खबरों के माध्यम से समाज को जागरूक करना है।

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