बिहार के अररिया जिले के नरपतगंज अंचल कार्यालय स्थित हल्का कचहरी में मंगलवार की शाम उस वक्त हड़कंप मच गया, जब भ्रष्टाचार के खिलाफ विशेष निगरानी इकाई, पटना ने बड़ी कार्रवाई करते हुए फरही पंचायत में तैनात राजस्व कर्मचारी मोहम्मद इम्तियाज आलम को ₹15 हजार रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। इस कार्रवाई से न केवल अंचल कार्यालय बल्कि पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई।
बिहार में जमीन परिमार्जन के नाम पर किसान से वसूली
मिली जानकारी के अनुसार, आरोपी राजस्व कर्मचारी रामघाट वार्ड संख्या-14 निवासी किसान कमलेश्वरी यादव से जमीन परिमार्जन (नाम और रकबा सुधार) के नाम पर लगातार अवैध राशि की मांग कर रहा था। पीड़ित किसान का आरोप है कि इससे पहले भी वह कर्मचारी को पैसे दे चुका था, इसके बावजूद उसका काम जानबूझकर लटकाया जाता रहा।
पैसे देने के बाद भी नहीं हुआ काम
किसान कमलेश्वरी यादव ने बताया कि रिश्वत देने के बाद भी जब महीनों तक कोई कार्रवाई नहीं हुई, तो आरोपी कर्मचारी ने फिर से ₹20 हजार की अतिरिक्त मांग कर दी। एक साधारण किसान के लिए यह रकम बहुत बड़ी थी। बार-बार की मांग और मानसिक प्रताड़ना ने किसान को अंदर से तोड़ दिया।
मजबूरी में पटना तक पहुंचा पीड़ित किसान
लगातार हो रही प्रताड़ना से परेशान होकर किसान ने आखिरकार निगरानी विभाग का दरवाजा खटखटाया। न्याय की उम्मीद लिए पीड़ित किसान पटना पहुंचा और विशेष निगरानी इकाई, पटना में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत की गंभीरता को देखते हुए निगरानी विभाग ने पहले सत्यापन कराया, जिसमें आरोप सही पाए गए।
जाल बिछाकर रंगे हाथ दबोचा गया आरोपी
शिकायत सत्यापित होने के बाद निगरानी विभाग ने पूरी रणनीति के तहत जाल बिछाया। मंगलवार की शाम जैसे ही मोहम्मद इम्तियाज आलम ने ₹15 हजार रिश्वत की राशि ली, पहले से मौजूद निगरानी टीम ने उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। अचानक हुई कार्रवाई से कार्यालय में अफरा-तफरी मच गई।

पूछताछ के बाद पटना ले जाया गया आरोपी
गिरफ्तारी के बाद आरोपी राजस्व कर्मचारी से मौके पर ही आवश्यक पूछताछ की गई। इसके बाद उसे आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए पटना ले जाया गया। बताया जा रहा है कि मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है।
डीएसपी संजय कुमार वर्मा के नेतृत्व में हुई कार्रवाई
इस छापेमारी अभियान का नेतृत्व विशेष निगरानी इकाई, पटना के डीएसपी संजय कुमार वर्मा कर रहे थे। टीम में एसआई अजय कुमार सिंह, अविनाश कुमार झा, त्रिपुरारी प्रसाद, रंजीत कुमार और पीटीसी दिलीप कुमार शामिल थे, जिन्होंने पूरी मुस्तैदी के साथ इस ऑपरेशन को अंजाम दिया।
अंचल कार्यालय में मचा हड़कंप
इस कार्रवाई के बाद नरपतगंज अंचल कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कई कर्मचारी सहमे नजर आए
