Facts About Maharana Pratap in hindi : महाराणा प्रताप भारत में मेवाड़ के एक बहादुर राजा थे। वह सिसौदिया राजवंश से थे और एक हिंदू राजपूत थे। उन्होंने अकबर के खिलाफ कई महत्वपूर्ण लड़ाइयाँ लड़ीं, जिनमें 1576 में हल्दीघाटी की लड़ाई भी शामिल थी। साथ ही प्रताप गुरिल्ला युद्ध जैसे चतुराईपूर्ण युद्ध के तरीकों के कारण आम लोगों के बीच नायक बन गए। उनकी बहादुरी ने कई अन्य लोगों को प्रेरित किया जिन्होंने बाद में मुगलों के खिलाफ विद्रोह किया। साथ ही उनके जीवन से जुड़े कई ऐसे तथ्य है जिनके बारे में आपको जरूर जानना चाहिए।
Facts About Maharana Pratap in Hindi
1. महाराणा प्रताप को बचपन में “कीका” के नाम से पुकारा जाता था।
2. उनका पूरा नाम महाराणा प्रताप सिंह सिसोदिया था, जो उनके वीरता को प्रकट करता है।
3. महाराणा प्रताप की लंबाई 7 फीट 5 इंच थी और वजन 110 किलो से अधिक था, जो उनकी शक्ति का प्रतीक था।
महाराणा प्रताप से जुड़े कुछ रोचक तथ्य
4. वे सिसोदिया राजपूत वंश के 13वें राजा थे
5. वे एक कट्टर हिंदू थे और भगवान शिव की पूजा करते थे, जो उनके आध्यात्मिक दृष्टिकोण को दर्शाता है।
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6. उनके भाले का वजन 80 किलो था और सीने के कवच का वजन करीब 70 किलो था, जो उनके योद्धा स्वभाव को प्रकट करता है।
7. उनके घोड़े का नाम “चेतक” था, जो उनके वफादार साथी की भूमिका निभाता था।
8. हल्दीघाटी के युद्ध में महाराणा प्रताप ने अकबर की 80 हजार सिपाही के खिलाफ मात्र 20 हजार सिपाही के साथ बहादुरी से लड़ा।
9. युद्ध के बाद, महाराणा प्रताप ने 12 वर्षों के लिए अरावली पर्वत में निवास किया।
10. महाराणा प्रताप ने एक ही वार में बहलोल खान को उसके घोड़े सहित दो टुकड़ों में काट डाला था, जो उनकी पराक्रमता को प्रमाणित करता है।
11. अकबर ने 30 साल तक महाराणा प्रताप को बंदी बनाने की कोशिश की, लेकिन वह हर बार नाकाम रहा।
12. हकीम खान सूरी हल्दीघाटी के युद्ध में महाराणा प्रताप की मदद करने वाले एकमात्र मुस्लिम सरदार थे।
13. मायरा की गुफा में उन्होंने कई दिनों तक घास की रोटियां खाई, जो उनकी संघर्षशीलता को दर्शाता है।
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14. अकबर को महाराणा प्रताप का भय था, जिससे वह कभी भी युद्ध में उनके सामने नहीं आया।
15. आज भी महाराणा प्रताप का नाम भारतीयों के दिलों में गर्व से गूंजता है, जो उनकी वीरता और अदम्य साहस का प्रतीक है।
16. प्रताप जी की मृत्यु उनकी अपनी राजधानी चावंड में एक धनुष की डोर खींचने से उनकी आंत में लगने के कारण इलाज के बाद 57 वर्ष की उम्र में 29 जनवरी, 1597 को हो गई।
जीवन परिचय
नाम – श्री महाराणा प्रताप सिंह जी
जन्म – 9 मई, 1540 ई.
जन्म भूमि – कुम्भलगढ़, राजस्थान
पुण्य तिथि – 29 जनवरी, 1 यक्ष 597 ई.
पिता – श्री महाराणा उदयसिंह जी
माता – राणी जीवत कँवर जी
राज्य – मेवाड़
शासन काल – 1568–1597ई.
शासन अवधि – 29 वर्ष
वंश – सुर्यवंश
राजवंश – सिसोदिया
राजघराना – राजपूताना
धार्मिक मान्यता – हिंदू धर्म
युद्ध – हल्दीघाटी का युद्ध
राजधानी – उदयपुर
पूर्वाधिकारी – महाराणा उदयसिंह
उत्तराधिकारी – राणा अमर सिंह