पटना: बिहार की राजनीति में शनिवार सुबह बड़ा घटनाक्रम सामने आया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सहमति के बाद उनके पुत्र निशांत कुमार राजनीति में सक्रिय होते नजर आए। शनिवार सुबह उन्होंने जदयू के कई विधायकों के साथ अहम बैठक की, जिसे राज्य की बदलती सियासी परिस्थितियों के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
निशांत कुमार ने विधायकों के साथ की अहम बैठक
जानकारी के मुताबिक शनिवार सुबह निशांत कुमार ने जदयू नेता संजय झा के आवास पर बैठक की। इस बैठक में श्रवण कुमार, विजय चौधरी समेत कुल 29 विधायक मौजूद थे। बैठक के दौरान पार्टी की मौजूदा स्थिति और आगे की रणनीति को लेकर चर्चा की गई। सूत्रों का कहना है कि यह बैठक पार्टी में मचे असंतोष को शांत करने और आगामी राजनीतिक रणनीति तय करने के लिए बुलाई गई थी।
आज बख्तियारपुर जाएंगे मुख्यमंत्री
उधर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार आज अपने गृह क्षेत्र बख्तियारपुर जाने वाले हैं। बताया जा रहा है कि वहां वे विभिन्न विकास योजनाओं की समीक्षा करेंगे और स्थानीय अधिकारियों के साथ बैठक कर प्रगति का जायजा लेंगे। उनके दौरे को भी मौजूदा राजनीतिक घटनाक्रम से जोड़कर देखा जा रहा है।
राज्यसभा जाने की चर्चा से कार्यकर्ताओं में नाराजगी
दरअसल मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने की चर्चा के बाद जदयू कार्यकर्ताओं में काफी नाराजगी देखने को मिल रही है। कार्यकर्ताओं का गुस्सा इस कदर बढ़ गया कि सीएम हाउस जा रहे नेता संजय गांधी को भी वहां से वापस लौटना पड़ा। जदयू के प्रदेश कार्यालय में भी कार्यकर्ताओं ने जमकर हंगामा किया और अपने नेताओं के खिलाफ नाराजगी जाहिर की।
सीएम आवास पर हुई आपात बैठक
स्थिति को संभालने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को अपने आवास पर विधायकों और एमएलसी की आपात बैठक बुलानी पड़ी। बैठक के दौरान उन्होंने पार्टी नेताओं से माहौल शांत रखने की अपील की। बताया जाता है कि इस दौरान मुख्यमंत्री काफी भावुक भी हो गए और उन्होंने पार्टी को एकजुट रखने पर जोर दिया।
महिला कार्यकर्ताओं ने नेताओं को बताया ‘जयचंद’
जदयू कार्यालय में केवल पुरुष ही नहीं बल्कि महिला कार्यकर्ताओं ने भी नीतीश कुमार के संभावित फैसले पर नाराजगी जताई। महिला कार्यकर्ताओं ने इसका ठीकरा पार्टी के कुछ वरिष्ठ नेताओं पर फोड़ा। उन्होंने संजय गांधी, संजय झा, ललन सिंह और विजय चौधरी को ‘जयचंद’ बताते हुए आरोप लगाया कि भाजपा के इशारे पर पार्टी के भीतर यह सियासी खेल किया जा रहा है।

आत्मदाह की चेतावनी
महिला कार्यकर्ताओं ने खुली चेतावनी देते हुए कहा कि अगर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राज्यसभा जाते हैं तो वे आत्मदाह करने पर मजबूर हो जाएंगी। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ नेताओं ने अपने स्वार्थ के लिए पार्टी को नुकसान पहुंचाने की साजिश रची है। फिलहाल बिहार की सियासत में तेजी से बदलते घटनाक्रम के बीच सभी की नजर जदयू की अगली रणनीति और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के फैसले पर टिकी हुई है।
